भोपाल और जबलपुर नगर निगम में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल, संस्कृति जैन हटाईं गईं; रामप्रकाश अहिरवार को भोपाल की कमान

भोपाल। मध्य प्रदेश में नगरीय प्रशासन से जुड़ा बड़ा प्रशासनिक बदलाव सामने आया है। भोपाल नगर निगम की आयुक्त संस्कृति जैन को पद से हटाकर वित्त विभाग में उप सचिव की जिम्मेदारी दी गई है। वहीं, जबलपुर नगर निगम में आयुक्त रहे रामप्रकाश अहिरवार को भोपाल नगर निगम का नया आयुक्त बनाया गया है। इसके साथ ही जबलपुर नगर निगम की कमान अग्रिम कुमार को सौंपे जाने के आदेश जारी होने की जानकारी सामने आई है।

इस फेरबदल के साथ प्रदेश की दो प्रमुख नगर निगमों भोपाल और जबलपुर में प्रशासनिक नेतृत्व बदल गया है। अब दोनों शहरों में नए आयुक्तों के सामने नगर निगम की व्यवस्थाओं, नागरिक सुविधाओं और विकास कार्यों को गति देने की चुनौती होगी।

किन शहरों में किसे मिली जिम्मेदारी?

रामप्रकाश अहिरवार

भोपाल नगर निगम आयुक्त

इससे पहले जबलपुर नगर निगम आयुक्त के रूप में जिम्मेदारी संभाल रहे थे। नई नियुक्ति के साथ भोपाल नगर निगम की कमान उनके हाथों में होगी।

संस्कृति जैन

उप सचिव, वित्त विभाग

भोपाल नगर निगम आयुक्त के पद से हटाकर मंत्रालय में नई जिम्मेदारी दी गई है।

अग्रिम कुमार

जबलपुर नगर निगम आयुक्त

जारी आदेशों के अनुसार उन्हें जबलपुर नगर निगम की जिम्मेदारी सौंपी गई है।

भोपाल में नए आयुक्त के सामने होंगी ये चुनौतियां

भोपाल प्रदेश की राजधानी होने के साथ तेजी से विकसित होता शहरी क्षेत्र भी है। ऐसे में नए निगम आयुक्त के सामने सफाई व्यवस्था, पेयजल आपूर्ति, सड़कों के रखरखाव, जलभराव की समस्या, संपत्ति कर प्रबंधन और नागरिक शिकायतों के त्वरित निराकरण जैसे मुद्दे अहम रहेंगे।

हाल ही में भोपाल नगर निगम में संपत्ति कर के लगभग 3.5 लाख खातों को ई-नगरपालिका 2.0 प्लेटफॉर्म पर स्थानांतरित करने की योजना भी चर्चा में रही है। इस बदलाव का उद्देश्य कर रिकॉर्ड को व्यवस्थित करना और खातों में मौजूद गड़बड़ियों को दूर करना है।

वहीं, जबलपुर में नए आयुक्त अग्रिम कुमार के सामने शहर की स्वच्छता, आधारभूत सुविधाओं और विकास परियोजनाओं को आगे बढ़ाने की जिम्मेदारी होगी।

प्रशासनिक फेरबदल क्यों है अहम?

भोपाल और जबलपुर दोनों ही प्रदेश के महत्वपूर्ण शहरी केंद्र हैं। इन नगर निगमों में आयुक्त की भूमिका सीधे तौर पर नागरिक सेवाओं, विकास योजनाओं और नगर निगम के प्रशासनिक संचालन से जुड़ी होती है। इसलिए इस बदलाव के बाद दोनों शहरों में नए अधिकारियों की कार्यशैली और प्राथमिकताओं पर नजर रहेगी।